
दीपावली और छठ पर्व पर विद्युत उपभोक्ताओं से सतर्कता और सहयोग की विशेष अपील

जौनपुर। आगामी पावन प्रकाश पर्व दीपावली, गोवर्धन पूजा, भैया दूज और लोक आस्था के महापर्व छठ को गरिमापूर्ण, हर्षोल्लास और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के अंतर्गत विद्युत उपकेंद्र सिंगरामऊ,लेदुका, रामनगर ने अपनी कमर कस ली है। शासन और उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार, त्योहारों के दौरान क्षेत्र के उपभोक्ताओं को 24 घंटे निर्बाध और सुचारू विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए उपकेंद्र स्तर पर सभी आवश्यक तकनीकी तैयारियां और पेट्रोलिंग का कार्य पूरा कर लिया गया है। त्योहारों के उल्लास के बीच किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना, शॉर्ट-सर्किट या जान-माल के नुकसान से बचने के लिए विद्युत उपकेंद्र सिंगरामऊ के अवर अभियंता सर्वेश दुबे ने क्षेत्र के समस्त सम्मानित उपभोक्ताओं, सम्मानित ग्राम प्रधानों और संभ्रांत नागरिकों के लिए एक विस्तृत और महत्वपूर्ण सुरक्षा एडवाइजरी जारी की है। अवर अभियंता सर्वेश दुबे ने प्रेस को जारी अपने आधिकारिक बयान में उपभोक्ताओं से निम्नलिखित सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने का विशेष अनुरोध किया है:
- ISI मार्क और उच्च गुणवत्ता वाले उपकरणों का प्रयोग: घरों, दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सजाते समय केवल प्रमाणित और ISI मार्क वाले बिजली के उपकरणों, तारों और एलईडी झालरों का ही उपयोग करें। घटिया और सस्ते चाइनीज उपकरणों में हीटिंग की समस्या अधिक होती है, जिससे शॉर्ट-सर्किट का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।
- लोहे की रेलिंग और ग्रिल पर सीधे झालर न लपेटें (सबसे महत्वपूर्ण): अधिकांश दुर्घटनाएं इसी लापरवाही के कारण होती हैं। बिजली की झालरों को कभी भी सीधे लोहे की ग्रिल, बालकनी, छज्जों, लोहे के पाइप या गेट पर न लपेटें। झालर का इंसुलेशन जरा सा भी कटे होने पर पूरी रेलिंग में करंट उतर सकता है, जो जानलेवा साबित हो सकता है। सजावट के लिए लकड़ी या प्लास्टिक के सपोर्ट का ही उपयोग करें।
- कटे-फटे तारों और खुले जोड़ों पर लगाएं टेप: सजावट के लिए पुराने या कटे-फटे तारों का इस्तेमाल कतई न करें। यदि तारों में कोई जोड़ अनिवार्य हो, तो उस पर अच्छी गुणवत्ता का इंसुलेशन टेप मजबूती से लपेटें। खुले जोड़ों पर गीली हवा या ओस पड़ने से भी करंट उतरने का डर रहता है।
- ओवरलोडिंग से बचें और क्षमता का रखें ध्यान: दीपावली पर अत्यधिक लाइटिंग के कारण अचानक लोड बढ़ जाता है। उपभोक्ता अपने स्वीकृत लोड के अनुसार ही बिजली का उपयोग करें। एक ही सॉकेट या एक्सटेंशन बोर्ड पर क्षमता से अधिक लोड न डालें। प्लग पॉइंट ढीला होने पर स्पार्किंग हो सकती है, जिससे आग लग सकती है।
- विद्युत परिसंपत्तियों के पास आतिशबाजी पर पूर्ण प्रतिबंध: बिजली के खंभों, ट्रांसफार्मर , विद्युत केबिलो, ओवरहेड लाइनों और स्टे-वायर (खंभे को सहारा देने वाला तार) के ठीक नीचे या पास में रॉकेट, अनार, हवाई या अन्य आतिशबाजी न चलाएं। रॉकेट आदि के सीधे तारों या ट्रांसफार्मर पर गिरने से बड़ा ब्लास्ट या लाइन ब्रेकडाउन हो सकता है।
- गीले हाथों से स्विच न छुएं और बच्चों को रखें दूर: त्योहार की आपाधापी में कभी भी पैर गीले होने पर या गीले हाथों से बिजली के मुख्य स्विच, बोर्ड या झालरों को चालू/बंद न करें। बच्चों को बिजली के कटीले तारों और जमीन पर झूलती हुई झालरों से पूरी तरह दूर रखें।
- आपातकाल में ‘मेन स्विच’ करें बंद: यदि घर या दुकान में अचानक स्पार्किंग हो, धुआं निकले या जलने की गंध आए, तो घबराने के बजाय सबसे पहले घर का मुख्य स्विच बंद कर दें। इसके बाद तुरंत उपकेंद्र को इसकी सूचना दें।
- 24 घंटे मुस्तैद रहेगा विभागीय स्टाफ और लाइनमैन:
जेई सर्वेश दुबे ने क्षेत्रवासियों को आश्वस्त करते हुए बताया कि त्योहारों के मद्देनजर पूरे सिंगरामऊ क्षेत्र में निर्बाध आपूर्ति बनाए रखने के लिए विभागीय तकनीकी स्टाफ, सब-स्टेशन ऑपरेटर्स और लाइनमैनों की विशेष टीमें गठित कर उन्हें 24 घंटे अलर्ट मोड पर तैनात किया गया है। उन्होंने अपील की कि किसी भी प्रकार के लोकल फाल्ट, तार टूटने या बिजली संबंधी समस्या के त्वरित समाधान के लिए उपभोक्ता उत्तर प्रदेश पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड के टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1912 पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं या सीधे स्थानीय उपकेंद्र के कंट्रोल रूम व लाइनमैन से संपर्क कर सकते हैं।







