बक्शा, जौनपुर। उतरीजपुर गांव में मोबाइल टावर से गिरकर हुई श्रीप्रकाश यादव की दर्दनाक मौत के बाद गुरुवार देर रात उनका अंतिम संस्कार रामघाट पर किया गया। पोस्टमार्टम के बाद रात करीब ढाई बजे शव गांव पहुंचा तो परिजनों में कोहराम मच गया। पिता राजाराम यादव, माता सीता देवी, पत्नी रीना देवी तथा उनकी तीन मासूम बेटियों का रो-रोकर बुरा हाल था। इसके बाद शव को रामघाट ले जाया गया, जहां पिता ने मुखाग्नि देकर अंतिम विदाई दी।
गुरुवार को पूरे दिन गांव में शोक व्यक्त करने वालों का तांता लगा रहा। समाजवादी पार्टी के नेता डॉ. मनोज यादव और संतोष यादव सहित अनेक लोगों ने पहुंचकर परिजनों को ढांढस बंधाया।
परिजनों के अनुसार वर्ष 2011 से भूमि विवाद को लेकर मामला चल रहा था। विवादित भूमि की पैमाइश और सीमांकन को लेकर असंतोष के बीच बुधवार को श्रीप्रकाश यादव मोबाइल टावर पर चढ़ गए थे। प्रशासन की मौजूदगी में पुनः पैमाइश कराई गई, लेकिन इसी दौरान टावर से गिरने से उनकी मृत्यु हो गई।
घटना को लेकर प्रशासन और परिजनों के अलग-अलग दावे हैं। प्रशासन का कहना है कि युवक टावर से उतरते समय फिसलकर गिरा, जबकि परिजनों और ग्रामीणों का आरोप है कि राजस्व अधिकारियों की कथित चेतावनी के बाद युवक गिरा, जिससे उसकी जान चली गई। मामले की जांच जारी है।


