कार्यशाला का मुख्य विषय “किशोरियों के सशक्तिकरण में जिला स्तरीय सरकारी विभागों, मीडिया एवं सामाजिक संगठनों की भूमिका” रहा।
जौनपुर
कार्यशाला में मछलीशहर एवं मड़ियाहू ब्लॉक की कुल 40 ग्राम पंचायतों से 60 किशोरियों ने सक्रिय सहभागिता की। कार्यशाला के दौरान किशोरियों द्वारा अपने-अपने ग्राम पंचायतों में किए गए सकारात्मक बदलावों की प्रेरणादायक कहानियाँ प्रस्तुत की गईं, जिससे अन्य प्रतिभागियों को भी सामाजिक परिवर्तन के लिए आगे आने की प्रेरणा मिली।
कार्यशाला का उद्देश्य किशोरियों को शिक्षा, स्वास्थ्य सुरक्षा, बाल विवाह रोकथाम, मानव तस्करी से बचाव तथा पंचायत विकास में उनकी भूमिका को सुदृढ़ करना रहा।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री हरिनाथ भारती, प्रभारी, एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट, जौनपुर ने कहा कि मानव व्यापार एक गंभीर सामाजिक अपराध है, जिसकी रोकथाम के लिए जागरूकता सबसे बड़ा हथियार है। उन्होंने किशोरियों को विभिन्न टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देते हुए किसी भी आपात स्थिति में निडर होकर सहायता लेने का आह्वान किया।
बाल कल्याण अधिकारी श्री चन्दन रॉय ने बाल विवाह के दुष्परिणामों पर प्रकाश डालते हुए किशोरियों को बाल विवाह न करने एवं इसके विरुद्ध आवाज उठाने की शपथ दिलाई तथा समाज में परिवर्तन की अगुवाई करने के लिए प्रेरित किया।
जिला श्रम आयुक्त श्री देवब्रत यादव ने बाल श्रम उन्मूलन से संबंधित प्रावधानों की जानकारी दी एवं अटल आवासीय विद्यालय योजना के उद्देश्य तथा आवेदन प्रक्रिया को विस्तार से समझाया।
जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी श्री धर्मेन्द्र सिंह ने किशोरियों के लिए संचालित स्वास्थ्य योजनाओं, पोषण एवं स्वच्छता के महत्व पर जानकारी साझा की।
साइबर सेल से श्री संतोष यादव ने साइबर सुरक्षा से जुड़ी तकनीकी जानकारियाँ देते हुए कहा कि “जानकारी ही बचाव है” और डिजिटल सतर्कता को समय की आवश्यकता बताया।
अन्य वक्ताओं में नारी चेतना फाउंडेशन की श्रीमती मुन्नी बेगम एवं श्रीमती रीतू यादव ने किशोरियों को संबोधित करते हुए महिला सशक्तिकरण, नेतृत्व विकास एवं सामुदायिक भागीदारी पर अपने विचार साझा किए।
इसके अतिरिक्त एडी जिला पंचायत राज अधिकारी जयप्रकाश सिंह, गायत्री प्रसाद यादव, महिला थाना प्रभारी श्रीमती श्यामा तिवारी, संजय उपाध्याय सहित अन्य गणमान्य अतिथियों ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।
कार्यक्रम का संचालन जन विकास संस्थान के सचिव श्री राजमणि द्वारा किया गया तथा शिव प्रकाश जी ने सभी अतिथियों, प्रतिभागियों एवं सहयोगी संस्थाओं के प्रति आभार व्यक्त किया। प्रतिभागी किशोरियों ने कार्यशाला को ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायी एवं आत्मविश्वास बढ़ाने वाला बताया।

