जौनपुर, 11 अगस्त। जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन. ने मंगलवार को तहसील बदलापुर एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं, दवा वितरण, चिकित्सकों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति, साफ-सफाई सहित विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान मिली कमियों पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तत्काल सुधार के निर्देश देते हुए लापरवाही बरतने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की चेतावनी दी।

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने दवाओं की उपलब्धता एवं वितरण व्यवस्था, चिकित्सकों तथा पैरामेडिकल स्टाफ की उपस्थिति और अस्पताल परिसर की साफ-सफाई का निरीक्षण किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आमजन को गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

फार्मेसी की व्यवस्थाओं की जांच के दौरान जिलाधिकारी ने पाया कि फार्मासिस्ट द्वारा अपने दायित्वों का समुचित निर्वहन नहीं किया जा रहा है। इस पर उन्होंने संबंधित फार्मासिस्ट के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करते हुए स्पष्टीकरण नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अस्पताल आने वाले प्रत्येक मरीज को आवश्यक दवाएं और सुविधाएं समय से उपलब्ध होनी चाहिए।

मेडिकल स्टोरों की भी जांच
जिलाधिकारी ने सीएचसी के बाहर संचालित मेडिकल स्टोरों का भी निरीक्षण किया। इस दौरान कुछ मेडिकल स्टोर संचालकों द्वारा लाइसेंस नवीनीकरण के लिए आवेदन किए जाने के बावजूद आवश्यक प्रक्रिया अभी तक पूरी नहीं कराए जाने की जानकारी सामने आई। जिलाधिकारी ने संबंधित संचालकों को नोटिस जारी कर जवाब तलब करने तथा नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

बंद मिला अल्ट्रासाउंड सेंटर
निरीक्षण के दौरान एक अल्ट्रासाउंड सेंटर बंद मिला। जिलाधिकारी के पहुंचने पर सेंटर का तकनीशियन शटर बंद कर मौके से चला गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित केंद्र की दोबारा जांच कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिना सक्षम चिकित्सक अथवा अधिकृत व्यक्ति की उपस्थिति के अल्ट्रासाउंड जैसी महत्वपूर्ण जांच सुविधा का संचालन किसी भी स्थिति में नहीं होना चाहिए।

जांच के दौरान संबंधित चिकित्सक के संबंध में जानकारी लेने पर बताया गया कि चिकित्सक बाहर गए हुए हैं। इस पर जिलाधिकारी ने सवाल उठाया कि चिकित्सक की अनुपस्थिति में अल्ट्रासाउंड जांच किस प्रकार संचालित की जा रही है। संतोषजनक उत्तर न मिलने पर उन्होंने तहसील स्तर के अधिकारियों को तत्काल संबंधित अल्ट्रासाउंड सेंटर की जांच कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर नियमानुसार सेंटर को सील करने की कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाए।

नागरिकों ने डीएम से की शिकायतें
निरीक्षण के दौरान क्षेत्रीय नागरिकों ने स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित विभिन्न समस्याएं जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। जिलाधिकारी ने शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध निस्तारण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के समाधान में किसी प्रकार की लापरवाही मिलने पर संबंधित के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।

डीएम ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि चिकित्सालय में मरीजों को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। चिकित्सकों एवं कर्मचारियों की समय से उपस्थिति, आवश्यक दवाओं की उपलब्धता तथा जांच एवं उपचार की सुविधाएं शासन द्वारा निर्धारित मानकों के अनुरूप सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में आमजन को बेहतर, सुलभ एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
तहसील परिसर का भी लिया जायजा

स्वास्थ्य केंद्र के निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी ने तहसील बदलापुर परिसर एवं कार्यालय का निरीक्षण किया। उन्होंने विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए पुराने एवं लंबित वादों को नियमानुसार प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निस्तारित करने के निर्देश दिए।

तहसील परिसर में साफ-सफाई व्यवस्था का निरीक्षण करते हुए जिलाधिकारी ने नियमित सफाई सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अपने दायित्वों का जिम्मेदारीपूर्वक निर्वहन करने के निर्देश दिए।
अधिवक्ताओं से संवाद कर जानी समस्याएं
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अधिवक्ताओं से संवाद कर उनकी समस्याओं एवं सुझावों की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को अधिवक्ताओं द्वारा उठाई गई समस्याओं पर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने कहा कि सरकारी संस्थानों की व्यवस्थाओं में सुधार और जनसामान्य को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए औचक निरीक्षण की प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी। उन्होंने अधिकारियों को निरीक्षण में सामने आई कमियों को तत्काल दूर कर अनुपालन रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, साथ ही भविष्य में ऐसी शिकायतों की पुनरावृत्ति न हो, यह सुनिश्चित करने को कहा।



