जौनपुर। कोतवाली थाना क्षेत्र के चकप्यार अली मोहल्ले में शनिवार को एक महिला द्वारा अपने दो बच्चों को गोमती नदी में फेंकने और खुद आत्महत्या का प्रयास करने का मामला सामने आया। गश्त पर निकले कोबरा के जवानों ने स्थानीय लोगों की मदद से समय रहते तीनों की जान बचा ली। पुलिस के इस मानवीय प्रयास की क्षेत्र में सराहना हो रही है।
जानकारी के अनुसार, घटना शनिवार शाम करीब चार बजे की है। आजमगढ़ जिले के लौटन यादव की पुत्री गुंजन की शादी करीब 10 वर्ष पहले जौनपुर के फूलपुर थाना क्षेत्र के गोबरहा गांव निवासी अनिल कुमार यादव से हुई थी। बताया गया कि अनिल रोजगार के सिलसिले में सऊदी अरब में रहता है। महिला ने ससुराल पक्ष पर मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया है।
शनिवार सुबह गुंजन अपने दोनों बच्चों आयुष (7 वर्ष) और अरविंद (3 वर्ष) को लेकर घर से निकल गई। वह सिपाह बस स्टैंड से उतरकर गोमती नदी के किनारे पहुंची और निर्माणाधीन पुल से दोनों बच्चों को नदी में फेंक दिया। इसी दौरान गश्त कर रहे कोबरा के जवानों की नजर महिला पर पड़ गई।
सिपाहियों ने शोर मचाया तो आसपास मौजूद लोग तत्काल नदी में कूद गए और दोनों बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। वहीं पुलिसकर्मियों ने नदी में छलांग लगाने जा रही महिला को पकड़ लिया। पुलिस और स्थानीय लोगों की तत्परता से तीनों की जान बच गई।
कोतवाली पुलिस ने मानवता का परिचय देते हुए महिला और दोनों बच्चों को भोजन-पानी कराया तथा मायके वालों को सूचना देकर उन्हें कोतवाली बुलाया। इसके बाद महिला और दोनों बच्चों को सुरक्षित परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस के इस त्वरित प्रयास की लोगों ने जमकर सराहना की।



