जौनपुर। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत संचालित ‘100 दिवसीय सघन टीबी मुक्त भारत अभियान’ को जनपद में गति देने के लिए प्रदेश के खेल एवं युवा कल्याण विभाग के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गिरीश चंद्र यादव ने आमजन से सक्रिय सहभागिता की अपील की है। उन्होंने कहा कि टीबी जैसी गंभीर बीमारी को समय पर पहचान और उपचार के जरिए पूरी तरह समाप्त किया जा सकता है।
6 जून 2026 को जारी अपने संदेश में मंत्री गिरीश चंद्र यादव ने नगर और ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि टीबी उन्मूलन केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज की सहभागिता से ही यह लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। उन्होंने लोगों से इस 100 दिवसीय अभियान को जनआंदोलन का रूप देने का आह्वान किया।
मंत्री ने नागरिकों को जागरूक करते हुए कहा कि यदि किसी व्यक्ति को लगातार खांसी, बुखार, कमजोरी या तेजी से वजन कम होने जैसे लक्षण दिखाई दें तो उसे नजरअंदाज न करें। ऐसे लोगों को तत्काल स्वास्थ्य केंद्र पर जाकर जांच करानी चाहिए, ताकि बीमारी का समय रहते पता चल सके और उपचार शुरू हो सके।
उन्होंने यह भी बताया कि सरकार की ओर से टीबी की जांच और उपचार की पूरी व्यवस्था निःशुल्क उपलब्ध कराई गई है। ऐसे में जरूरतमंद लोगों को बिना किसी संकोच के सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाना चाहिए। स्थानीय स्वास्थ्यकर्मियों के अनुसार समय पर उपचार शुरू होने से टीबी को पूरी तरह ठीक किया जा सकता है।
मंत्री ने कहा कि देश को टीबी मुक्त बनाने के संकल्प को पूरा करने के लिए समाज के प्रत्येक व्यक्ति को ‘टीबी योद्धा’ की भूमिका निभानी होगी। उन्होंने लोगों से अपने आसपास टीबी के लक्षण वाले व्यक्तियों को जांच और उपचार के लिए प्रेरित करने की भी अपील की।
जौनपुर स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाया जा रहा यह 100 दिवसीय सघन अभियान टीबी रोगियों की पहचान, उपचार की उपलब्धता सुनिश्चित करने और बीमारी को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों को दूर करने के उद्देश्य से संचालित किया जा रहा है। इस अवसर पर जिला स्वास्थ्य प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों एवं अभियान से जुड़े समन्वयकों के साथ सुशील अग्रहरी, नंद किशोर शर्मा, देवेंद्र तथा सुरेंद्र निषाद भी मौजूद रहे।


