
खेतासराय के सात आरोपितों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई को मंजूरी

हत्या के मुकदमे में नामजद हैं सभी आरोपित, पुलिस अधीक्षक और अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण की संयुक्त बैठक में अनुमोदित हुआ गैंगचार्ट
जौनपुर। जिले के खेतासराय थाना क्षेत्र में दर्ज हत्या के एक मामले में नामजद सात आरोपितों के खिलाफ उत्तर प्रदेश गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम, 1986 के तहत कार्रवाई का रास्ता साफ हो गया है। पुलिस अधीक्षक जौनपुर के साथ हुई संयुक्त बैठक में आरोपितों के खिलाफ तैयार गैंगचार्ट का परीक्षण करने के बाद उसे अनुमोदित कर दिया गया।
पुलिस विभाग के अनुसार, 31 अक्टूबर 2026 को थाना खेतासराय पुलिस द्वारा तैयार गैंगचार्ट को अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण एवं नोडल अधिकारी गैंगचार्ट ने अनुमोदन के लिए अग्रसारित किया था। तीन नवंबर को हुई संयुक्त बैठक में प्रस्तुत गैंगचार्ट के तथ्यों, आरोपितों के आपराधिक इतिहास, गिरोह पंजी, डोजियर और अन्य संबंधित अभिलेखों का गहन परीक्षण किया गया। विचार-विमर्श के बाद गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई के लिए पर्याप्त आधार पाए जाने पर इसे मंजूरी दे दी गई।
गैंगचार्ट में प्रदीप कुमार बिंद पुत्र सोमारू बिंद उर्फ छेदीलाल निवासी चिकसांवा, थाना बरदह, आजमगढ़, भोले राजभर पुत्र जियालाल निवासी जपटापुर, थाना सरायख्वाजा, आयुष यादव, अमितेश मिश्रा उर्फ अंकित मिश्रा और कुशल मिश्रा निवासी संदहा, थाना सरायख्वाजा तथा विकास यादव निवासी मोजीपुर, थाना खुटहन के नाम शामिल हैं। इसके अलावा शोले राजभर पुत्र जियालाल निवासी जपटापुर, थाना सरायख्वाजा को भी गैंगचार्ट में शामिल किया गया है।
यह मामला थाना खेतासराय में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 90/2026, धारा 103(1), 61(2) एवं 3(5) बीएनएस से संबंधित है। गैंगचार्ट अनुमोदित होने के बाद अब संबंधित आरोपितों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी।








