जौनपुर। जिलाधिकारी सैमुअल पाल एन. ने गुरुवार को जिला महिला चिकित्सालय का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं और अस्पताल की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान कई कमियां मिलने पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने जन आरोग्य केंद्र का निरीक्षण करते हुए रजिस्टर और अन्य अभिलेखों की जांच की। कार्यालय अव्यवस्थित मिलने तथा परिसर में जगह-जगह पान की पीक और गंदगी पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि चिकित्सालय परिसर में स्वच्छता सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और सभी कार्यालय व्यवस्थित रखे जाएं।

टीकाकरण व्यवस्था की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने टीकाकरण की प्रगति और अभिलेखों की जानकारी ली। उन्होंने नियमित और गुणवत्तापूर्ण टीकाकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान ऑक्सीजन संयंत्र बंद मिला, जिस पर उन्होंने तत्काल उसे चालू कराने और आवश्यक मरम्मत कराने के निर्देश दिए।

एमसीएच वार्ड में गंदी बेडशीट और खुला विद्युत बोर्ड मिलने पर जिलाधिकारी ने इसे गंभीर लापरवाही माना। उन्होंने विद्युत बोर्ड को तत्काल ठीक कराने के निर्देश देते हुए कहा कि अस्पताल में भर्ती मरीजों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।

जिलाधिकारी ने वार्ड में भर्ती मरीजों से बातचीत कर उन्हें मिल रही स्वास्थ्य सेवाओं और भोजन की गुणवत्ता की जानकारी ली। उन्होंने मरीजों से भोजन में उपलब्ध कराए जा रहे व्यंजनों के बारे में पूछा और अधिकारियों को निर्धारित मानकों के अनुरूप पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान अग्नि चेतावनी प्रणाली भी सही स्थिति में नहीं मिली। मरीजों का पंजीकरण अभिलेख भी व्यवस्थित नहीं पाया गया। जिलाधिकारी ने दोनों कमियों को तत्काल दूर करने और अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था तथा अभिलेखों का उचित रख-रखाव सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

अस्पताल के शौचालयों की खराब स्थिति और मरीजों के उपयोग में आने वाला गंदा स्ट्रेचर मिलने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने नियमित साफ-सफाई कराने और अस्पताल की सभी व्यवस्थाओं को स्वच्छ रखने के निर्देश दिए।
स्वच्छता व्यवस्था में गंभीर लापरवाही मिलने पर जिलाधिकारी ने सफाई कार्य देख रही संस्था को तत्काल कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि स्वास्थ्य संस्थानों में गंदगी, अव्यवस्था और लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने मुख्य चिकित्सा अधीक्षक और संबंधित अधिकारियों को निरीक्षण में मिली सभी कमियों का समयबद्ध ढंग से निराकरण कराने तथा अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने भविष्य में ऐसी लापरवाही की पुनरावृत्ति न होने की भी चेतावनी दी।


