जौनपुर। उत्तर प्रदेश पुलिस में आरक्षी नागरिक एवं समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती-2025 की लिखित परीक्षा सोमवार को जनपद के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शुरू हो गई। पहले दिन की पहली पाली की परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। परीक्षा में शामिल होने के लिए पंजीकृत अभ्यर्थियों की संख्या के मुकाबले बड़ी संख्या में अभ्यर्थी अनुपस्थित भी रहे।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पहली पाली में कुल 9,876 अभ्यर्थी पंजीकृत थे, जिनमें से 2,641 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल नहीं हुए। वहीं 6,839 अभ्यर्थियों ने परीक्षा देकर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन की ओर से व्यापक इंतजाम किए गए थे।
यह भर्ती परीक्षा 8, 9 और 10 जून को आयोजित की जा रही है। प्रतिदिन दो पालियों में परीक्षा कराई जा रही है। पहली पाली सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक तथा दूसरी पाली दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक निर्धारित की गई है। जनपद में कुल 21 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां छह पालियों में कुल 56,880 अभ्यर्थियों के परीक्षा में शामिल होने की संभावना है।
परीक्षा को नकलविहीन और पारदर्शी बनाने के लिए प्रशासन ने विशेष निगरानी व्यवस्था की है। इसके तहत 21 केंद्र व्यवस्थापक, 21 सेक्टर मजिस्ट्रेट और 21 स्टैटिक मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। इसके अलावा लगभग 1,200 कार्मिकों की ड्यूटी विभिन्न केंद्रों पर लगाई गई है, जो परीक्षा संचालन एवं सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी कर रहे हैं।
परीक्षा समाप्त होने के बाद केंद्रों से बाहर निकले अभ्यर्थियों ने प्रश्नपत्र के कठिनाई स्तर को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दीं। गाजीपुर की परीक्षार्थी नीति मौर्या ने बताया कि पेपर कुल मिलाकर आसान था, लेकिन रीजनिंग के कुछ प्रश्नों ने उन्हें काफी उलझाया। वहीं मिर्जापुर के आलोक तिवारी ने कहा कि रीजनिंग और गणित के प्रश्न अपेक्षाकृत कठिन थे, जबकि हिंदी और सामान्य ज्ञान से जुड़े प्रश्नों की संख्या कम थी।
मिर्जापुर के शुभम तिवारी ने भी गणित के प्रश्नों को चुनौतीपूर्ण बताया। दूसरी ओर गाजीपुर की हिमांशी जायसवाल ने कहा कि सामान्य ज्ञान के प्रश्न अपेक्षा से अधिक कठिन थे। नारायनपुर निवासी प्रदीप उपाध्याय ने प्रश्नपत्र को संतुलित बताया, लेकिन उनका कहना था कि निर्धारित समय में सभी प्रश्नों को हल करना चुनौतीपूर्ण रहा और समय कुछ कम महसूस हुआ।
परीक्षा के पहले दिन प्रशासनिक व्यवस्था पूरी तरह चुस्त-दुरुस्त दिखाई दी। केंद्रों पर अभ्यर्थियों की सघन जांच के बाद ही प्रवेश दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि आगामी पालियों की परीक्षा भी इसी प्रकार शांतिपूर्ण और निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं।


